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  • By: Sayed Amir
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  • 17.11.2020

Sehri ki Fazilat

अस्सलामु अलैकुम वा रहमतुल्लाही वा बराकातुहु दोस्तों आज की इस टॉपिक में बात करेंगे कि Sehri ki Fazilat क्या है और sehri खाना क्यों जरूरी है और रमज़ान में सेहरी से मुतालिक जो मसले मसाइल है उसकी फजीलत से मुतअल्लिक़ हम जानकारी हासिल करेंगे।

  • नबी अकरम सल्लल्लाहो वाले वसल्लम ने फरमाया सेहरी खाया करो क्योंकि सेहरी खाने में बरकत है हमारे और अहले किताब के रोज़ों में सिर्फ सेहरी का फर्क है (बुखारी शरीफ़)

  • इस हदीस का मतलब यह है कि जो अहले किताब है यानी यहूदी और ईसाई हैं वह भी रोजा रखते हैं लेकिन उनके रोजे में और इस्लाम के रोज़े में सिर्फ सेहरी का फर्क है यानी इस्लाम में सेहरी खाना जरूरी है और अहले किताब यानी यहूदी और ईसाई रोजा तो रखते हैं लेकिन सेहरी नहीं खाते हैं।

  • एक और हदीस में है कि अल्लाह के रसूल सल्ला वाले वसल्लम फरमाया सेहरी पूरी की पूरी बरकत है सेहरी को नही छोड़ना चाहिए चाहे एक घूंट पानी ही पी ले क्योंकि सेहरी खाने वालों पर अल्लाह और उसके फ़रिश्ते दरूद भेजते हैं।(इमाम अहमद)

  • नबी अकरम सल्ला वाले वसल्लम फरमाते हैं कि अल्लाह ताला ने फरमाया कि मेरे बंदों में मुझे सबसे ज्यादा प्यारा वह आदमी है जो इफ्तार में जल्दी करता है और फरमाया iftaar में जल्दी करने और सेहरी में देर करने वाले को अल्लाह ताला पसंद करता है

  • सेहरी खाना और इसमें देर करना सुन्नत है मगर इतनी देर करना मकरुह है यहां तक कि सुबह सादिक शुरू हो जाए और वह सेहरी खाता रहे।

  • इफ्तार में जल्दी करना सुन्नत है मगर इफ्तार इस वक्त करे जब सूरज डूब जाने का पूरा यकीन हो जाए जब तक इत्मीनान और यकीन ना हो इफ़्तार ना करें चाहे मस्जिद में अजान भी क्यों ना कह दी गई हो।

  • रसूल अल्लाह सल्लल्लाहो वाले वसल्लम ने फरमाया जब कोई रोजा इफ्तार करे तो खजूर या छुहारे से iftaar करें ये बरकत का सबब है और अगर ना मिलो तो पानी से क्योंकि पानी पाक करने वाला है।

तो दोस्तो यह था आज का टॉपिक Sehri ki Fazilat सेहरी की फजीलत कुरान और हदीस की रोशनी में तो दोस्तों कैसा लगा आपको यह टॉपिक आपको इंफॉर्मेशन पसंद आयी ही तो अपने दोस्तों के साथ शेयर करें।

Tags:
  • Sehri ki Fazilat
  • सेहरी
  • सेहरी की फजीलत
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